संदेश

2015 की पोस्ट दिखाई जा रही हैं

सोना बनाने की तकनीक ।

चित्र
सोना
इस जगत मे मनुष्य के लिए कुछ भी करना संभव है ।भारत प्राचीन काल से ही खोज के मामले मे विश्व मे आगे रहा है । जव भारत को सोने की चिडिया कहा जाता था उस समय भारत मे अटूट सोना था।आज भी भारत मे सोने के खजाने है ।पर  इतना सोना भारत मे आया कहॉ से होगा ।जरूर उस समय भारत मे सोना बनाने की कृतिम तकनीके विकसित रही होगी ।जिनसे सोना बनाया जाता होगा ।
सोना बनाने की प्राकृतिक बिधि -इस बिधि की जानकारी कुछ  इस प्रकार मिलती है कि सोना मिट्टी या सुन्हरी रेत' जो कही कही जमीन पर पाई जाती है ' जिसमे सोने के कण होते है ।एसी रेत या मिटटी से प्रक्रियाओं के दुआरा सोने के कण  अलग करके सोना बनाया जाता है । टनो मिटटी साफ करने पर  एकाध तोला सोना बनता है ।
दूशरी सताब्दी मे जन्मे रसायनाचार्य नागार्जुन रचित पुस्तक 'रसरत्नाकर' मे रसायनो के प्रयोग से धातुओं को दूसरी धातुओं मे बदलने की बिधियॉ बताई गई है । जिनमें बिभिन्न धातुओं को सोना' चॉदी' रजत' मे बदलने का भी उल्लेख मिलता है । कुछ  और ग्रंथो मे भी सोना बनाने संबंधी जानकारीयॉ मिलतीं है ।लेकिन पुरानी संस्कृत भाषा मे श्लोक होने से शब्दों का सही …

खरीददारी की सावधानीयॉ ।

चित्र
बाजार मे खरीदारी करते समय ग्राहको को कुछ महत्वपूर्ण बातों का ध्यान रखते हुए ' बस्तुए खरीदना चाहिए ।जो ग्राहक के हित मे है और  उसे हानी से बचातीं है ।
आज बाजार मे लोकल नकली बस्तुए ' दुकानदारो दुआरा अधिक बैची जाती है ।क्योंकि इन पर  अधिक मुनाफा मिलता है ।इसलिये वस्तु के पेकिट पर निर्माता कंपनी का पूरा पता देखकर ही वस्तुए खरीदना चाहिए । निर्माता कंपनी के आधे अधूरे पते बाली वस्तुएं लोकल और नकली होती है ।वस्तु के बजन की मात्रा पर संदेह होने पर ' वस्तु को तुलना चाहिए ।फिर भी संतुष्ट न होने पर बस्तू को घर पर तोल कर देखना चाहिए ।कम होने पर सिकायत करना चाहिए ।एम.आर.पी. रेट से कुछ कम मूल्य पर ही वस्तुएं खरीदना चाहिए।क्योंकि वस्तुओं को MRP Rs. से कम रेट पर ही बैचने का नियम है ।वस्तुओं के पेकिट पर  अंकित वस्तु की उत्पादन तिथि और समाप्ति तिथि देखकर ही बस्तुए खरीदना चाहिए ।खास कर दबाए खरीदते समय  इसका विशेष ध्यान रखना चाहिए।खुल्ली बस्तुए ' जैसे- अनाज' दाले ' शक्कर ' चावला आदि जो पेकिंग मे नहीं आती । इन चीजों मे मिलावट की संभावना होती है । अतः ग्राहक को खुल्ली वस्तु की जॉच…

अमीर किसान की कहानी ।

चित्र
रसएक गॉव मे  एक किसान रहता था । उसके पास चार बीघा जमीन थी ।जिस पर वह खेती करता था ।सूखी जमीन होने से वह साल मे एक ही बरसात की फसल  उगा पाता था ।और वह गरीबी दुखहाली मे अपना जीवन यापन करता था ।यही हाल  उसके पडोसी किसानो का था ।
इस किसान ने अपने खेत के कोने मे एक तालाव बनवाया '' और फिर खेत मे पानी की व्यवस्था होने पर वह  उसी खेत मे एक साल मे चार फसलें लेने लगा ।एवं तालाव का पानी पडोसी किसानों को भी बेचने लगा । इसके बाद  इस किसान ने तालाब मे मछलियों को पालने का काम भी शुरू कर दिया। इसके साथ ही उसने पशु पालन के रूप मे कुछ भैंसै भी खरीद ली ' जो खेत का खरपत्वार खाती और तालाब का पानी पीकर मस्त रहती ।किसान इनका दूध बेचता ।इनके गोबर को खाद के रूप मे खेत मे डालने से फसल भी अच्छी पेदावार देती । अब  अकेला किसान इतने काम करने मे अपने आप को असमर्थ महसूस करने लगा ।इसलिए उसने अपना गॉव का मकान बैच कर ' खेत पर ही घर बना लिया ।और  अपने परिवार सहित खेत पर ही रहने लगा ।अब  उसके परिवार के लोग भी कामों मे उसका हाथ बटाने लगे ।अब  इस किसान ने खेत मे तालाब के पास कुछ जगह पर सब्जियां उगाने का काम …

जागरूकता से खरीददारी ।धन बचत ।

मित्रो हमारी आय का बहुत बडा हिस्सा बस्तुओ की खरीद पर व्याय होता है ।जैसे _खादय समान 'कपडे 'बतृन' वाहन 'आदि और न जाने क्या -क्या ।आज हमारी हर छोटी बडी जरूरत का सामान बाजार मे उपलब्ध है। जब हमे जिस वस्तू की जरूरत होती है 'हम  उस वस्तू को तुरंत बाजार से खरीद लाते है ।और  उसका उपयोग करने के बाद  अगले दिन  उस वस्तू को भूल जाते है ।क्योकि वह वस्तू दूसरे दिन हमारी नजर मे पुरानी हो जाती है ।
पर क्या आपने कभी यह  आकलन किया है ।कि हम जो वस्तुए खरीदते है ।उनका हम  पूर  उपयोग  भी कर पाते है 'या नही ।  क्या हमारे पैसे का सही स्तमाल हुआ या नही । यह जानने के लिज  आप एक लिस्ट बनाए । माह की एक तारीख से तीस तारीख तक हर रोज  आपके घर मे जो भी वस्तू  खरीद कर लाई जाए उसे आप  इस लिस्ट मे नोट करते जाए ।अब  एक महिने बाद  आप  इस लिस्ट को जँचे 'आप पाएगे कि उन वस्तुओ मे से लगभग 50% वस्तुए बेकार सावित हुई 'जिनका आप पूरा उपयोग नही कर पाए । आपका पैसा पानी मे गया । इस लिस्ट मे बेकार पाई पाई गई वस्तूओ मे अधिक वस्तुए वह होगी ' जो बच्चो के दुआरा या महिलाओ के दुआरा खरीदी गई थी । क्यो…

सबसे मेहगे मेवा की खोज ।

एक भारतीय दुर्लभ मेवा ।
उच्च कोटि के भारतीय मिष्ठानो मे प्रयोग किया जाने वाला एक बिशेष प्रकार का मेवा होता है ।जो महगे स्वीटस  आइटम एवं आइसक्रीम आदि मे सिर्फ आधा तुकडा ही देखने को मिल्ता है । यह मेवा दिखने मे भूरे रंग का ' कॉटे जैसा होता है । इसका स्वाद कसेला होता है । इसे मिठाई यो मे देखकर ब्यक्ति  आश्चर्य मे पड जाते है और सोचते है ।आखिर यह है क्या चीज फिर सोचते है । शायद कोई विदेशी बहुत मेहगा मेवा होगा ।और लोगो को भ्रमित करने के लिए ही इस मेवे का उपयोग मिष्ठानो मे किया जाता है । यह मेवा स्वाद मे भले ही कसेला होता है । पर  इसमे औषधीय गुण भी होते है ।
आम तोर पर व्यापारी इस मेवे को ऊची किस्म का ' चिलगोजा ' बताते है । पर यह चिलगोजा नही होता है ' क्योंकि चिलगोजा चीड के पेड के फल की गिरी को कहते है जो  आकार मे इससे मोटी एवं पूरी साबुत बिजी होती है ।
यह विशेष प्रकार का नया मेवा  है ' इसका बाजार भाव 2000रू प्रति किलो के लगभग होता है ।दरशल यह मेवा कुछ  और नहीं वल्कि अर्जुन के पेड के फल की गिरी है ।यह पेड भारत मे बिहार एवं मध्य प्रदेश मे नदियों और नालों के किनारे सबसे जादा पा…

कृषि एवं व्यापार संबंधी हिंदी वेबसाइटे ।

रोजगार'व्यापार' नोकरी और खेती बाडी की जानकारीयो का खजाना हिंदी भाषा मे पढने हेतु नीचे लिंको पर क्लिक करें ।
आर्थिक एवं करियर की जानकारीयो के साथ ही व्यापार जगत के समाचार'रोजगार समाचार और खेती किसानी की जानकारी हिंदी भाषा मे है । 🎆 शुभ लाभ की प्रस्तुति ।🎆







इस लेख मे व्यापारी और किसान भाईयो के लिए हिंदी की कुछ चुनिंदा वेबसाइटों के लिंक  और पते दिए जा रहे है ।
जहाँ खेती और व्यापार से संबंधित जानकारीयॉ हिंदी भाषा मे उपलब्ध है ।

खेती से जुडी हिंदी वेबसाइटे
1~कृषि एवं पशुपालनwww.indg.in/agriculture/agriculture/hindi/

2~कृषि सेवाwww.krishisewa.com

3~इंडिया वाटर पोर्टलhindi. indiawaterportal. org

4~म. प्र.कृषिwww.mpkrishi.org

5~ यू.पी.कृषिagriculture. up.nic.in

6~कृषि मिशनkrishimis.in

7~म.पृ. शासनwww.mphorticulture.gpv.in

8~झरखंड कृषिwww.jharkhand. gov.in

9~नावार्डwww.nabard.org

10~हिंदी इंटरनेटwww.hindiinternet.com/kisan
व्यापार संबंधित हिंदी वेबसाईटे
1~मनी मंत्रmoney mantra.net.in
2~नफा नुकसानwww.nafanuksan.com
3~मोल तो…

वित्त संबंधी पुरानी कहावते ।

आर्थिक विषय पर पूर्वजो का शोध पुरानी कहावते । शुभ लाभ की प्रस्तुती । (1) बाप भला न भैया' सबसे भला रूपाइया । (2) सस्ता रोए बार बार ' मेहगा रोए एक बार । (3) खेती करें बंजी जाए ' दो मे से एक न पाए । (4) बंद मुटठी लाख की 'खुली मुटठी खाक की । (5) जिंदा हाथी लाख का ' मरा सबा लाख का । (6) पैसा न धेला ' बहू चली मेला । (7) हाथ न कोडी ' नाक छिदान दोडी । (8) नौ नगद ना तेरह उधार । (9) चोखा लेना ' चोखा देना । (10) लेना एक न देना दो । (11) आज नगद ' कल उधार । (12) पैसा फेको ' तमाशा देखो । (13) आम के आम ' गुठली के दाम । (14) जो दिखता है ' वो बिकता है । (15) गरीब की लुगाई ' सब की भोजाई । (16) खरचा रूपया ' अठन्नी आय । (17) घर की आधी भली ' बाहर की पूरी बुरी । (18) हेल्थ इज दा बेल्थ ।(अंग्रेजी कहावत) (19) धरती खोदे धन मिले ' मित्र मिले परदेश । (20) जो देन जानता है ' वो लेना भी जानता है । (21) धर का दाम खोटा ' परखईंया को दोष । (22) कठिन चाकरी ' भीख निकाम । (23) पहला सुख निरोगी काया ' दुजा स…

अमीरी के लोभ मे लुटते है लोग ।

चित्र
यदि किसी आदमी से सौ रूपये मागे जाते है ' तो वह देने से मना कर देता है  । और  अगर  आदमी को  लाखो रूपये के फायदे की कोई झूटी तरकीब का विश्वास देकर ' हजार रू भी मागे जाए तो  25%  लोग देने को तैयार हो जाते है ।
क्योकि हर  आदमी धन पाना चाहता है ।  आदमी की इस कमजोरी का फायदा  उठाते है कुछ जायदा होशियार लोग । जो  तंत्र ' मंत्र ' यंत्र ' टोटको आदि से लोगो को अमीर होने का झूठा भरोसा दे कर ' उनसे खूब पैसा एठते है । इस प्रकार की ठगी के धंधे आज खूब फल फूल रहै है । जिनमे कोई हनुमान यंत्र बैच रह है ' तो कोई कुबेर कुंजी बैच रहा है । कोई बरकत लॉकिट तो कोई धन बर्षा यंत्र बैच रहा है । कोई गुरू फाइल बना रहा है ' तो कोई बाबा कऊए को खीर खिलाने का उपाय बता रहा है । और कोई बास्तू शास्त्री घर पर मनी प्लांट की बेल से धन पाने का तरीका बता रहा है ।
बडे दुख की बात है कि आज के इस बेज्ञानिक युग मे भी लोग  इन  अंधविश्वासो के चक्कर मे पड रहे है और  अपनी मेहनत का पैसा  इन धातुओं के तुकडो पर खराब करते है । जो सरासर झूठ होते है । अगर  इन सभी धन देने बाले  यंत्रों को आदमी अपने गले मे लटक…

जीवन मे काम धंधे का महत्व ।

सारी दुनिया के संपूर्ण ज्ञान सार यह है कि _ भोजन मुफ्त मे नही मिलता "  इसलिए मनुष्य को अपने जीवन मे कुछ न कुछ काम धंधा करना अनिवार्य होता है ।

कर्म  प्रधान विश्व कर राखा' जो जस करे सो तस फल चाखा ।
अर्थात - संसार मे कर्म  ही सबसे बडा माना गया है । जो आदमी जैसा काम करता है ' उसे उसका बैसा ही फल मिलता है ।
काम का फल नही छुटता फल मिलना तो अटल है । क्योकि  कर्म  से फल बधा होता है । इस संसार मे  सबकुछ है 'परंतू  बिना करम किए कुछ भी पाना असंभव है ।
एक बिचारक ने कहा है _ आदमी का दिमाग जिन चीजों को सोच सकता है ' आदमी उन चीजों को पा भी सकता है ।

                      " अपना हाथ जगन्नाथ "
युवक को अपने 18 साल का होने पर  अपने जीवन का लक्ष्य तय कर लेना चाहिए । कि उसे अपने  जीवन मे क्या करना है ।  अपनी रुचि और  इक्छा के अनुसार मनपसंद काम धंधे का चुनाव करना उचित होता है ।  जिसमे मॉता पिता को भी अपने युवा बच्चों  के उपर काम के विषय मे अपना निर्णय नही थोपना चाहिए । कि उनहे डॉ  बनाना है या पायलट बनाना है । क्योंकि इसके दुष्परिणाम सामने आते है । कुछ मॉ बाप बच्चों को अपने …

समय रूकने के प्रमाण एवं चमत्कार ।

🚁 ⛅ 🚠 पोराणिक कथाओं मे एसे और भी प्रमाण मिलते है । जो सच है या झूठ यह तो हम नही कह सकते पर हम  अपने अनुसार समय की व्याख्या जरूर कर सकते है । जो हमे आभास होता है । जैसे  समय हम सभी इंसानों के कभी कभी अचरज मय  और चमत्कारी सा लगता है । जैसे कि सयम का हर छण नबीन होना ' कभी कभार समय का एक सेकिंड सदियों सा लगता है ' और कभी एक साल भी एक दिन के बराबर लगता है ।  इस पूरे वृहमाण्ड मे मनुष्य ही एक  एसा प्राणी है जो समय से पीडित है । बाकी सभी जीवो के लिए समय का कोई महत्व नही है ।
समय की हकीकत तो यह है '  समय' शब्द के अर्थ  से  उजागर हो रही है ' जैसे _ सम+ य = समय ा  याने कि समय  सम है ' स्थर है । न कही जाता है और न कही से आता है । स्थर रहते हुए ही इलेक्ट्रॉन की तरह गोल घुमता हुआ गतिशील पृतीत होता है ।
ओशो के अनुसार _ मनुष्य के जन्म मृत्यु के पार समय मापन का कोई उपाय नही होता है । समय स्केल आदमी के जन्म के साथ शुरू होता है एवं मृत्यु के साथ समाप्त । फिर भी  आसली समय हमेशा रहता है ।
Seetamni@gmail. com
~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~…

दुकानों की बिक्री बढाने के तरीके ।

color">दुकानों की बिक्री बढाने के उपाय और भारी लाभ कमाए ।
सॉपिंग सेंटर के काउंटर पर सुंदर महिलाऔ को बैठी देखकर ' सॉपिंग करने ग्राहक अधिक आते है ।

सॉपिंग सर्बिस सेंटरो या दुकानों किसी भी सेबा व्वसाय को चलाने के लिए उस पर ग्राहको का आना बहुत जरूरी है । बाजार का हर दुकानदार यही चाहत है कि उसके सॉप पर अधिक से अधिक ग्राहक आए और उसकी सेबा या बस्तुए खरीदें ' जिससे वह अधिक लाभ कमाए । इस उद्देश्य को लेकर दुकानदार अपनी तरफ से हर वह तरीका अपनाते है ' जिससे उनकी ग्राहकी बढे और जादा माल बिके । बाजारों मे दुकाने दुल्हन की तरह सजी 'रंगीन लाइट मे झिलमिलाती रहती है । दूकानदार ग्राहको को आकृशित करने के बिभिन्न उपाय करते है । जैसे_ ग्राहको को बैठने की उत्तम गद्देदार व्यवस्था करना ' तो कोई अपने सॉप पर आने वाले हर ग्राहक को चाय पिलाता है ' कुछ कपडे आदि की दुकानों पर सामान के साथ कपडे के थेले मुफ्त मे दिये जाते है । पर इन उपायों से ग्राहको पर कोई बिशेष प्रभाव नही पडता इन उपायो को आम बात समझा जाता है । दुकानों पर ग्राहकों की संख्या मे बढोत्री करने के लिए कुछ खास उप…

खेतों मे प्लास्टिक कचरे का खतरा ।

<
खेतों की मिट्टी मे प्लास्टिक पोलेथिन(पन्नी) से होने वाले नुक्सान का खतरा दिन प्रति बढता ही जा रहा है। खासकर गॉव शहरो के आसपास की जमीनों पर यह प्लास्टिक कच्डा बहुत तेजी से जमा हो रहा है । समय रहते इस कच्डे से जमीनों को बचाने के उपाय नही किए गए तो आने बाले समय मे आबादी के पास वाले खेतो मे फसलें उगाना असंभव हो जाएगा ।  क्योकि यह प्लास्टिक मिट्टी मे दबने पर बहुत सालो तक नष्ट नही होता  एवं पानी को मिट्टी मे रिसने से र रोकता है और जहाँ जहाँ मिट्टी मे प्लास्टिक पोलेथिने होती है ' वहाँ फसलो के पौधे अपनी जडे जमीन मे न जमा पाने के कारण सूख जाते है ।
अपने खेतो को प्लास्टिक कचडे से बचाने हेतु ' किसानों को निम्न  उपाय करना चाहिए । जैसे _
[1]  खेतों की सतह पर पाई जाने वाली पोलेथिन पन्नियो को  एक  एक करके बिनवाने के बाद संग्रह करके जला दे ' प्लास्टिक को जलाने पर भी इससे जहरीली गैसे निकलती है । पर  इसके अलावा  और कोई उपाय भी तो नही है ।
प्लास्टिक कच्डे का निपटारा करने के बाद ही किसानो को अपना खेत बखरना चाहिए जिससे प्लास्टिक जमीन मे ना दब पाए ।
[2]   खेतो मे खाद बीज कीटनाशक आदि का उप…

ग्रामीण खेती मजदूरो की दशा।

कृषी प्रधान देश भारत मे किसान को ही अन्नदाता माना जाता है । एवं श्रम का सारा श्रेय किसान को ही दिया जाता है । जवकि आज वह जमाने नही रहे तव किसान खुद  अपने खेतो मे हल चलाते थे । कवि उन पर लिखते थे कि _ सूरज के उगने से पहले खाट छोड  उठ गया किसान ' और चला खेत पर करने काम - - -  ।
आज तो कृषी कार्य मशीन यंत्रों से होता है । बाकी का सारा कृषी काम मजदूर करते है । किसान तो जमीन का मालिक होता है और प्रबंधन करता है । जबकि खेती मजदूर ठंड ' गरमी ' धूप ' बरसात  मे भी खेतो मे काम करते है । रात मे भी खेतो की रखवाली वा पानी सिचाई जेसे काम भी करते है । खेतो मे जहरीली दवाओं का छिडकाव  और धान की फसल मे सुगंध के कारण सॉपो के होने पर भी यह मजदूर  अपनी जान की परवाह किए बिना खेतो मे खतरा होने पर भी काम करते है । क्योकि इनहे अपना परिवार  चलाना होता है । पर  इन पर किसी की नजर नही जाती  न कवि  न पत्रकार न सरकार  कोई इनहे नही देखते ' सिवाय  एक चमगीदण के जो इनके अंधेरे झोपडो मे भी देख लेता है ।

मध्य भारत के गॉवो मे रहने वाले भूमी हीन लोगो के पास  आय का साधन न होने के कारण यह लोग खेती मजदूरी प…

सन कंट्रोल फिल्म 'कम लागत का व्यवसाय ।

सन कंट्रोल फिल्म _ यह कॉच पर चिपकाने वाली एक पोलेथिन होती है ।जो पोलिएस्टर फिल्म के नाम से भी जानी जाती है ।जिसका उपयोग शीशे पर  इंसुलेशन करने के लिए किया जाता है । इस पोलेथिन को कॉच पर चिपकाने से सूरज की धूप से बचाव  के अलावा और भी फाएदे होते है ।जैसे शीशा रंगीन दिखना ' एवं फिल्म लगे कॉच से गाडी के अंदर से बाहर तो देखा जा सकता है पर बाहर से भीतर नही देखा जा सकता है ' फिल्म बाले कॉच का टूटने का चान्स भी कम रहता है ।टी . वी. लेपटॉप 'कंप्यूटर  आदि की स्क्रीनो पर फिल्म चढाने से अॉखे खराब होने से बचती है । इस फिल्म का सबसे अधिक  उपयोग बस 'ट्रक' जीप 'कार  आदि मोटर बहनो की बिन्डो स्क्रीनो पर किया जाता है ।शीशे पर यह फिल्म लगाने के बाद यह 3से5साल तक चलती है ।

सन कंट्रोल फिल्म लगाने का काम वेरोजगार युवाऔ के लिए रोजगार का एक  अच्छा बिकल्प हो सकता है । इसे बिलकुल कम लागत मेहनत से शुरू किया जा सकता है । इस काम के लिए विशेष स्थान की भी आवश्यकता नही पडती युवा चाहे तो वह ग्राहको के पास जाकर भी यह काम कर सकता है ।और चाहे तो पार्ट टाइम या फुल टाइम भी कर सकता है । किसी दूशरे क…

हर समस्या से लाभ उठाने का राज़ ।

थिंक एन्ड ग्रो रिच ' किताब के लेखक नेपोलियन हिल के अनुशार _ हर  समस्या अपने साथ  अपने बराबर या अपने से भी बडा अवशर साथ लाती है ।
लेखक की यह खोज मनुष्य के लिए एक बरदान है । यह  एक  एसी राज़ की बात है जिसका लाभ  उठाकर व्यक्ती सफल हो सकता है । व्यक्ति परेशानी के साथ  आने वाले अवसर को पहचानने की कलॉ  सीखकर  अपने ऊपर  आने बाली हर समस्या से लाभ  उठा सकता है । यह जादा कठिन नही है ' समस्या आने पर थोडी सी सूझ बूझ की जरूरत है ' बस । पहले  एक दो बार कठनाई पडती है ' इसके बाद तो चाबी हाथ लग जाती है । और फिर व्यक्ति परेशानी आने पर घबराता नही है । अपितु खुस होता है क्योकि वह परेशानी को नही बल्कि अवसर को देखता है और  उसका लाभ लेता है ।

हर समस्या मे छिपे हुए चॉन्स को खोजने के लिए ' हमे समस्या को बिपरीत  और साकार  आत्मक नजर से देखना होता है । तभी हम  अवसर को जान पाते है वा उसका लाभ  उठा पाते है । एवं  राह मे आने वाली कठिनाईऔ के रोडो को सीडी बनाकर जीवन मे आगे बढ पाते है ।

उदाहरण _ व्यक्ति का बीमार होना उसके लिए एक समस्या है । पर बीमारी के दोरान मिलने वाला ' फुरसत का समय  उसके  ल…

कपडा बेचने की एक सफल स्कीम ।

पिछले दिनो मुझे एक कपडा व्यपारी के बारे मे पता चला है ।  वह  एक स्कीम से कपडे बेचता है और भारी मुनाफा कमाता है ।
उस वयपारी की योजना कुछ  इस प्रकार है _ व्यपारी किसी कंपनी से घटिया किस्म के कपडे थोक मे सस्ते रेट पर खरीद कर लाता है ' जिनमे पेंट सर्ट' सडी ब्लाऊज ' और कुर्ती  सलवार के कपडे होते है ।इन कपडो को वह  अपने यहॉ लाकर  इनके फीस कटवाकर  तीन पृकार की आकृषक पेकिंग मे आलग  अलग मेच के अनुसार सेट तैयार करवाता है । एक सेट पेंट सर्ट के कपडो का दुशरा साडी व्लाउज का और तीसरे सेट मे कुर्ती सलवार के कपडे पेक होते है । यही कपडे परिधानो  मे सबसे अधिक पहने जाते है ।इसके बाद व्यापारी इन कपडो के पेकिंग सेटो के साथ  इनामी कूपन लगवाता है ' जो स्क्रेच करने बाला होता है जिसके उपर मोबाइल  आदि ईनाम छपे होते है । पर हर कूपन मे कपडो का ही एक सेट निकलता है । साडी के सेट के कुपन मे पेंट सर्ट और पेंट सर्ट  के सेट मे साडी व्लाउज य सलवार सूट का सेट निकलता है । यह व्यपारी अपनी बेन मे माल लेकर  अपने आठ दस सेल्स मेनो के साथ कपडे बेचने के लिए मुहल्लो ' कस्वो और गॉवो मे जाता है ।  वहॉ पर  इसके…

Money पाने का रहस्य जानिए ।

कुछ पाने के लिए कुछ खोना पडता है ।

लोग पाना तो चाहते ' पर कुछ खोना नही चाहते । इस  उलटे नियम से कुछ पाना असंभव है ।
हर चीज को पाने के बदले मे कुछ न कुछ कीमत तो जरूर ही देना पडता है । जो मेहनत ' समय ' वस्तु आदि कुछ भी हो सकती है ।किसी भी व्यक्ति से कुछ पाने से पहले उसे कुछ देना पडता है । चाहे हम  अपनी बातो से उसे भरोष दे ' लोभ लालच दे ' या अपना समय दे  कुछ भी दे पर देना जरूर होगा । जब हमारे दुवारा दी जाने वाली चीज को सामने वाला व्यक्ति स्वीकार कर लेता है । तव हमारे लिए कुछ  आदान करने का मार्ग खुलता है । और तब हम पाने के अधिकारी होते है । अब यह हम पर निर्भर करता है कि हम समने वाले से कुछ  आदान करे या न करे ।और हमारी छमता पर यह निर्भर करता है कि हम प्रदान से कम  आदान ले या प्रदान के बराबर  आदान ले या प्रदान से अधिक का आदान करें ।
इस  आदान प्रदान के विनियम मे हमे धन  अथवा कोई भी इछित वस्तु का आदान करने से पहले कुछ प्रदान करना जरूरी होता है ।
उदाहरण:  दुआपुर युग मे सुदामा नामक वृहाम्ण जव दुवारका के राजा कृष्ण के पास धन मागने गया था । तव सुदामा अपने साथ  एक चावल क…

दुनियॉ के सबसे धनी देश और गॉव ।

इस वर्ष के अॉकडो के अनुशार विश्व मे सबसे अमीर देश 'कतर' को माना जा रहा है ।
कतर राज्य _अरब प्रायद्वीप के उत्तर पूर्वी तट पर स्थित  एक छोटा दीप है ।इसके दक्षिण मे साऊदी अरब  एवं तीन तरफ  फारस की खाडी है । इस देश मे प्रति व्यक्ति आय  एक लाख डालर के लगभग है । जो अन्य देशो के मुकावले मे सबसे अधिक है । इसलिए आज कतर को दुनियॉ का सबसे अमीर देश माना जा रहा है ।  इस देश के धनी होने का कारण यहॉ तेल  और गैस के भडारो का होना है । कतर ' संसार के सबसे बडे तेल निर्यातक देशो मे दूशरे नं का तेल निर्यातक है । इस देश की राजधानी 'दोहा ' है । देश की भाषा अरबी एवं धर्म स्लाम है । इस देश मे राजशाही सरकार है । कतर' का मोषम ठंडा है । कतर ' का क्षेत्रफल 11437 वर्ग  किलो मीटर  एवं  जनसंख्या  18 लाख के लगभग है । प्रथम  विश्व युद्ध के बाद कतर 'ब्रटेन के आधीन हो गया था । जो सन १९७२ मे आजाद हुआ । अब कतर विकाश मे संसार मे सबसे आगे है ।

दुनियॉ का सबसे अमीर गॉव _ विश्व का सबसे धनी गॉव चीन मे है ।जहॉ प्राति व्यक्ति सालाना आय 80 लाख रूपये के आसपास है । यह गॉव  आर्थिक विकाश मे दुनियॉ मे श…

फ्री सबजी पाए महिलाए' वारह महिने ।

चित्र
घरेलू महिलाओ को रोज शुबह शाम खाना बनाने से पहले ' सबजी बनाने का सवाल परेशान करता है कि आखिर सबजी क्या बनाए । और रोजाना सबजी खरीदने पर रूपये भी खर्च करना पडता है । हर घर मे रोज ही सबजी भाजी पर रूपये खर्च किए जाते है ।
अगर हमे हर दिन घर बैठे मुफ्त मे सबजी मिलने लगे  तो इससे अच्छी बात  और क्या होगी । इससे सबजी पर व्याय होने वाला पूरा पैसा बचेगा । पर क्या एसा हो सकता है । जी हॉ  बिलकुल हो सकता है ।  इस लेख मे हम  आपको एक  एसी सबजी की बेल के बारे मे जानकारी दे रहे है जो हमेशा फलती ही रहती है ।

भारत मे मध्य प्रदेश के गॉबो मे कही कही लोगो के स्नान घर के पास  एक बेल पाई जाती है ।जो हमेशा साल के बारह महिने  फलती है । इस सदाफलदार सबजी की बेल को लोग  'कदूरी 'के नाम से जानते है । शायद  इसका बनस्पती नाम कुछ  और हो । यह  अंगूर की बेल जैसी होती है । इसके फल भी अंगूर से कुछ ही बडे होते है । जिनहे कच्चे खाने पर ककडी खीरा जैसा स्वाद मिलता है । इन फलो का सलाद बहुत  अच्छा बनता है ' एवं इनकी सबजी भी स्वादिष्ट बनती है । कंदूरी के फलो को किसी भी सबजी के साथ मिक्स करके भी बनाया जा सकता है । …

जमीन मे सोने की खोज ।

चित्र
एक जमाना था जब भारत को 'सोने की चिडियॉ ' कहा जाता था ।अठारहबी सदी तक भारत मे बहूत सोना चॉदी था । इस बात की पुष्टी टी. बी.मैकॉले की सर्बे रिपोर्ट से भी होती है ' मैकॉले ने 2 जनवरी 1835  को ब्रटिस संसद मे भारत के बारे मे अपनी रिपोट मे स्यम कहा था _ मै पूरब से पश्चिम तक पूरे भारत मे घूमा पर मुझे भारत मे एक भी भिखारी या चोर  और गरीब  आदमी नही मिला ' एवं मैकॉले ने अपने भाषण मे भारतियो के पास बहुत सोना चॉदी होने के बाबत भी जिकृ किया है ।
पुराने जमानो मे भारत के अलावा और भी देशो के पास  अटुट सोना था ।उस समय मुद्वा के रूप मे सोना या सोने के सिक्को का ही चलन था ।उस जमाने के राज महाराजा और सेठ साहूकार वा मठ मंदिरो के अधिकारी आदि अमीर लोग  अपना धन सोना चॉदी जमीन मे ही गाड कर रखते थे । एसी प्रथा थी । जिनमे से कुछ लोग वह स्थान भुल जाते थे । और कुछ धन गडा होने की बात किसी को बताए बिना ही दुनियॉ से चले जाते थे । और  उनका सोना चॉदी हमेशा के लिए जमीन मे ही रह जता था । पुराने समय के खजाने भी जमीन मे ही होते थे जो भवन ढह जाने या किनही अनय कारणो से गुम जाते थे । वे जमीन मे ही है । आज भी …

कर्ज मे डूबने से कैसे बचे ।

कर्ज 'दोस्त यार व रिस्तेदार या साहूकार या बैक का कर्ज चाहे किसी का भी हो ' कर्ज  कर्ज ही होता है । इस भूत से प्राया सभी डरते है । किसी से भी पूछो वह यही कहता है कि भाई कर्ज बहुत बुरा होता है । यह  इज्जत ' सुख चेन नीद सभी कुछ छीन लेता है ।और कर्ज की चिंता चिता के समान होती है । रिण मे डूबे लोगो का आर्थिक पतन हो जाता है । कुछ लोग तो करजा से छुटकारा पाने के लिए अपनी जान तक दे देते है । कुल मिलाकर कर्ज काल का रूप होता है ।
आखिर एसा कैसे होता है कि व्यक्ति कर्ज के मकडजाल मे फस कर  अपने जीवन को नर्क बना लेता है । इसकी शुरूवात कुछ  इस तरह होती है _व्यक्ति अपनी आय से अधिक धन  उधार लेकर खर्च कर देता है ।और चुकाने का समय  आने पर रिण चुकाने मे असमर्थ हो जाता है ।और फिर रिण चुकता करने मे टाल मटोल करता रहता है ' एवं रिण का रूपया मागने बालो से छिपता व दूर भागता रहता है ।यह सोचकर कि कुछ समय वाद यह लोग  उसका पीछा छोड देगे । और  उसे रिण नही देना पडेगा ।इस तरह रिण का ब्याज दिन प्रति बढता रहता है । और  अंत मे व्यक्ति को अपना घर 'मकान ' जमीन  आदि  बेचकर कर्ज का रूपया चुकाना ही पड…

बिजली का विकल्प सोलर पेनल ।

चित्र
आज के इस  आधुनिक मशीन यंत्रो के युग मे आदमी का जीवन बहुत सुखमय है । पुराने समय की अपेछा आज  आदमी की श्रम शक्ती का बहुत कम  उपयोग होता है । सभी मेहनत के काम कृतिम  ऊर्जा से होते है ।जिसमे बिदयुत शक्ती का पहला स्थान है ।अगर 10 मिनिट के लिए भी बिजली चली जाती है  तो मानो व्यक्ति की जीवनचार्या रूक जाती है । यह भारत के शहरी क्षेत्रो की बात है ।पर ग्रामीण  इलाको मे तो महिनो बिजली का पता नही रहता एसी स्थती मे गामीण जनो के काम काज कैसे चलते होगे । और जब कभी बिजली रहती भी है तो बोल्टेज  अधिक होने से लोगो के बिदयुत यंत्र खराब हो जाते है ।और महिने मे लोगो को बिजली के बिल का भुगतान भी करना पडता है ।
सुर्य  ऊर्जा_सोलर पेनल का उपयोग व्यक्ति को बिजली की सारी झंझटो से मुक्ति दिलाता है । साथ ही बिजली के बिल से भी छुटकारा मिलता है । आज मोबाइल चार्ज करने से लेकर खेतो मे पंप चलाने के लिए भी सोलर पेनल  उपलब्ध है । 5_10 वाट के सोलर सेल से लेकर हजारो वाट के सोलर पेनल बाजार मे लिल रहे है । जो किफाइती होने के साथ ही क्इ साल तक के लिए टिकाऊ भी होते .है । कंपनियां 20_30 साल की गेरटी वारटी के साथ यह पेनल बेचती ह…

पैसा 'पैसे को खीचता है ।

मित्रो कुछ समान गुणो वाली वस्तुए आपस मे एक दूशरी वस्तू को खीचती है ।जिनमे से एक वस्तू पैसा भी है ।  आपने यह मुहाबरा तो सुना ही होगा कि -पैसा 'पैसे को खीचता है । हकीकत मे भी यह बात बिलकुल सच है । आइए कुछ  उदाहरणो से समझे की पैसा पैसे को कैसे खीचता है ।
पहला उदाहरण _रेल्वे स्टेशन पर मैने एक भिखारी को देखा 'उसके हाथ मे तीन रूपये थे और वह लोगो से कह रहा था '  बाबुजी मुझे चाय पीना है  पर मेरे पास केवल यह तीन रूपये है आप मुझे दो रूपये दे दीजिए । तो लोग  उसे दो रूपये दे देते थे । पर वह भिखारी उन दो रूपये को अलग रख लेता था 'और फिर किसी नये आदमी के पास जाकर उसे तीन रूपये दिखाकर यही बात कहता जिससे उसे फिर दो रूपये मिल जाते थे ' और किसी -किसी आदमी के पास छुटटा ना होने पर वह लोग  उसे पॉच रूपये भी देते थे । इस तरह वह भिखारी पैसे 'से पैसे को खीच रहा था ।
दूशरा उदाहरण _ जुआ 'सटटा ' लॉटरी आदी जैसे अवेध कामो मे भी पैसे को दाव पर लगाकर पैसा खीचा जाता है । जिस तरफ  आकृशण बल  अधिक होता है  पैसा उस तरफ खिच जाता है ।
तीशरा उदाहरण _ एक मदारी बाजार मे तमाशा दिखा रहा था । उसने…

दुनियाँ के सबसे अमीर 3 आदमी ।

दुनियॉ के सबसे अमीर लोगो से ज्यादा कौन जानता है कि धन कैसे कमाया जाता है और दोलत कैसे जोडी जाती है ।मित्रो अगर आप दुनियॉ  के अमीर लोगो की लिस्ट देखे तो आप पाएगे की उसमे सबसे जादा व्यक्ति उधोगपति मिलेगे इससे यह स्पस्ट होता है कि अमीर होने के लिए उधोग लगाना सबसे उचित है ।खेर ।
मित्रो मेने आज तक के संसार के सबसे अमीर लोगो मे से केवल तीन लोग चुने है ' राजा मनसा मुसा ' बिल गेटस'और मुकेश अंबानी 'आइए इनके बारे मे जाने ।
[1] राजा मनसा मूसा _आज तक के मानव इतिहास मे दुनियॉ का सबसे अमीर आदमी राजा मनसा मूसा माली को माना जाता है । जो अफ्रीका  का था ।और टिम्बकटू का राजा था' यह सन 1300 की बात है एक वेबसाइट की रिपोट के अनुशार सन 1331 मे मनसा मूसा की मृत्यू के समय उसके पास 400 विलियन डॉलर की संपत्ती थी ।जिसकी कीमत आज के हिसाब से लगभग १०००००००००००००.एक नील के बराबर होगी ' यानी जितने कीआदमी  के सिर के बाल ' आदमी गिनते गिनते पागल हो जाए ।इतिहास के मुताबिक उस समय राजा मनसा मूसा माली के राज्य मे संसार का सबसे अधिक सोना निर्मित होता था ।
[2] बिल गेटस _आज बर्तमान समय मे अमेरिका क…

धनी बनने का 100% सफल सूत्र ।

संसार मे कुछ लोगो के जीवन का लक्ष्य केवल  अमीर बनना ही होता है । वे अपना जीवन धन कमाने के उद्देश्य से ही जीते है ।और वह हमेशा अपना धन बढाने की चाह रखते है । एसे लोगो मे से कुछ लोग  अपने जीवन मे एक नियम का पालन करते है ' जिसके पृभाव से वह  अपना आर्थिक बिकास करने मे सौ पृतिशत सफल होते है ।
वह नियम यह है 'कि यह लोग  प्रतिदिन सुवह से ही कमाने मे जुट जाते है ' और  अपने व परिवार के देनिक खर्च  से कुछ  अधिक रूपये कमाने के बाद ही यह लोग भोजन करते है ।  इससे पहले यह लोग  अपना एक पैसा भी खर्च  नही करते है ।  यह  इनका रोज का नियम होता है । यह लोग हर दिन  अपने धन की संख्या मे बढोत्री करने के बाद ही चेन लेते है ।
अब आप बताइए की एसे लोगो को आमीर बनने से कोन रोक सकता है 'इनका आमीर बनना तय है ।
उदाहरण के लिए _मेरे एक मित्र है 'वह  एक  अच्छे व्यपारी है 'उनका यही उसूल है ।और यह  उसूल  उनके दादा परदादा से चला आ रहा है । उनके पास भी खूब धन दोलत है । पर  उनके पास समय बिलकुल भी नही है । आगर  उनका बस चले तो वह रात मे भी सोने के वजह  काम करना या कमाना  पसंद करते है । धन कमाना ही जिन …

खेती को लाभ का धंधा बनाए 'उत्तम खेती ।

भारत  एक कृषी प्रधान देश है और कृषी देश की अर्थव्यवस्था की रीड की हड्डी है ।भारत का अधिकंश जनसमुदाय गॉवो मे वास करता है ।जिनका  प्रमुख व्यवसाय कृषी है । पर भारत के गॉवो मे किसानो की आर्थिक स्थति का अवलोकन करने से पता चलता है की आज  उनकी स्थति अच्छी नही है । 75%किसान कर्ज मे डूवे है । एक जमाना  था जव काका  हथरसी ने कहा था 'उत्तम खेती  मध्यम व्यपार 'पर  आज खेती निचले स्तर पर है ।
खेती को आज भी उत्तम लाभ का धंधा वनाया जा सकता है । खेती से अधिक मुनाफा कमाने हेतू किसान को निम्न  उपाय  अपनाने चाहिए ।
[1]  सवसे पहले किसान को खेती की लागत कम करने के उपाय करने चाहिए जैसे किसान बाजार से महगे बीज खरीदकर बोने के स्थान पर  अपना स्यम का बीज तैयार करे ।बीज बनाने का प्रशिक्षण कृषी विज्ञान केंदृ से लिया जा सकता है ' यह केंदृ हर जिला स्तर पर स्थापित हैं ।जहाँ से किसान बीज बनाने की तकनीक सीख कर  अपना खुद का बीज बनाकर बोनी करे ।
[2] खाद 'ओर्वरक -खाद भी किसान स्यम वना कर खेतो मे डाले ।जिसमे  गोवर की खाद 'पत्तियो की खाद ' आदि किसान खुद बना सकते है ।इसके अलावा चूलहे की राख खाद के रू…

घर बैठे कमाए महिलाए ।

आज हमारे समाज मे व्यक्ति के उपयोग मे आने बाली वस्तूओ मे सबसे जायादा वस्तूए 'धातू और प्लास्टिक की पाई जाती है ।जैसे -इलेक्टानिक सामान 'बच्चो के खिलोने 'वाहन 'बर्तन' डिब्बे आदि जव यह वस्तुए अनउपयोगी हो जाती है ।तो घर के बच्चे य महिलाए इन टूटी -फूटी या बेकार धातू और प्लास्टिक की  चीजो को कूडे मे फेक देते है'या फिर फेरी बाले कबाडी को मिटटी के मोल बेच देते है ।
पर क्य  आपने कभी यह सोचा है । कि अनउपयोगी होने के बाद भी धातू और रवर की चीजे अब भी 50%  कीमत की होती  है । और इलेक्द्रानिक सामानो  मैं महगी धातुए  ताँबा (कापर) आदि  होता है । और कापर 1000रू  किलो के लगभग   बिकता है ।  घरेलू महिलाए घर के वेस्टेज कबाड से रूपये बनाने का काम आसानी से कर सकती हैं । और इससे वह हर माह 1000रू के लगभग हर माह कमा सकती है । छोटा ही सही इसे अपनी आय का सधन बना सकती हैं । इसके लिए महिलायो को सबसे पहले २कूडेदान के डिब्बे तैयार करना होगा' जिनमे से एक के उपर  "धातू का कचडा " और दूशरे के उपर "प्लास्टिक का कचडा "लिखकर ।  इन दोनो डिब्बो को घर के पिछवाडे या किसी कोने में …

अमीर बनने का मूल-मंत्र "एक संतान " है ।

एक समय था जव परिवार के विषय मे कहा जाता था ।हम दो हमरे दो' छोटा परिवार सुखी परिवार 'आदि ।पर मित्रो अब समय के साथ यह परिभाषाए भी बदल गई है ।हम दो हमारा एक 'की नीति ही सही है ।और  अब छोटा परिवार धन का आधार माना जाने लगा है ।वेज्ञानिक' विचारक व समज शास्त्रीयो के मुताविक  'आज छोटा परिवार भविष्य के धनी परिवार की नीव तैयार करता है ।एवं वह देश व समाज के आर्थिक विकाश मे भी सहायक शाबित होता है ।

मित्रो हम  अपने समाज मे परिवारो व व्यक्तियो को देखते है ।तो पाते है  कि वहुत कम लगभग20% व्यक्ति या परिवार ही एसे होते है'जो अपने जीवन की सबसे बडी पहली गलती नही करते' वे समय पर जगरूक रहते है ।वे अपने यहँ एक सतान होने के बाद परिवार नियोजन करा लेते है ।एव  अपना और  अपने बच्चे का जीवन सुखमय बना लेते है ।
कुछ समय पहले लंदन के वेज्ञानिको ने 14 हजार परिवारो का अध्यन किया था ।और  उस शोध रिपोट मे लंदन के वेज्ञानिको ने इस बात का दावा किया था । कि छोटा परिवार  अमीरी की राह तैयार करता है । रिपोट मे यह भी कहा गया है 'कि उदधोगिक रूप से विकशित समाज मे कम बच्चे होते है । इसका  प्रभाव य…

सूत्र _जहाँ एकता होती है'वहाँ संपत्ती होती है ।

चित्र
जहाँ सुमति तहाँ संपति नाना ।


मित्रों  महाँ कवी तुलसी की कविता की उपरोक्त  पंक्ती बिलकुल सोला आने सच है ।
क्योकि  मित्रो एकता का चमत्कार मेने खुद  अपनी आँख से देखा है ।आज से लगभग दस साल पहले मेरे गाँव मे एक गरीव परिवार रहता था  जिसमे सभी  बडे छोटे कुल वारह सदस्य  थे ।उस समय वे बहुत ही गरीब थे । धन दोलत के नाम पर  उनके पास  एक झोपडा और दो एकड जमीन मात्र  थी । पिछले महिने जब मे इस परिवार से मिला 'उनके घर गया था ।एक काम से 'वहाँ मेने उनका पक्का मकान 'कार टेक्टर 'आदी सुख सुविधा देखकर में अचरज मे पड गया । बातचीत के दोरान  उनहोने मुझे बताया की हमने छह  एकड जमीन  और खरीद ली है 'और  उनके पास  अब  आठ  एकड जमीन है ।यह सब देख सुन कर में विचार करने पर मजबूर हो गया की आखिर यह सब चमत्कार हुआ केसे ।मित्रों  एक सप्ताह मे मेने आखिर  इस रहस्य का पता लगा ही लिया ।मित्रों  इस परिवार मे एक  उसूल बना है ।जिसके पालन से यह परिवार  आज  आथृक विकास कर रहा है ।  वह  उसूल कुछ  एसा है । कि  इस परिवार के लोग रोजाना रात के भोजन के बाद' सभी व्यस्क सदस्य  एक साथ बेठते है 'और काम धंधे की बात…

मात्र 15 दिन मे 1करोड 41लाख रूपये कमाए । इस स्कीम से ।

चित्र
मित्रो अगर  आप जल्दी अमीर बनना चाहते है ।तो मे आपके लिये लाया हू 'यह दुनिया की सबसे वेस्ट स्कीम 'जिसके उफयोग से आप तेजी से पेसा कमा सकते है । बहुत कम लागत  और कम समय मे 'मित्रो मेने बहुत खोज की पर मुझे इससे  बढिया और कोई स्कीम नही मिली आज तक ।
तो मित्रो अब  आप समझने की कोशिस करे । स्कीम कुछ  इस पृकार है _आप कोई  एसा छोटा  विजनस 'उधोग 'धंधा  'मशीन ' दुकान  आदि शुरू करे । जिससे आपको हर  एक सेकिंड मे मात्र 2पैसे  का लाभ मिले  । और याद रहे यह कृम हर दिन लगातार वारह घंटे चलना चहिए । जिससे आप हर दिन 864  रुपये का लाभ पाएगे । आब  इस लाभ राशी को आप पूरी की पूरी अपने विजनस मे लगा दे 'और दूशरे दिन  अपना धंधा डवल कर दे 'जिससे आप दूशरे दिन 1728 रूपये का लाभ पाएगे ।अब  आप फिर  इस लाभ राशी को धंधे मे ही लगा दे और तीशरे दिन धंधा फिर डवल कर दे । आज  आप 3456 रू का लाभ  पाएगे । एसा आप हर रोज लगातार 15 दिन करके देखिए । मित्रो आप यकीन नही मानेगे 'इस तकनीक से आप 15वे दिन शाम को 14155776. रू.यानी  एक करोड 'इक्तालीस लाख ' पच्पन हजार 'सात  सौ छियत्तर   रूप…

सबसे कीमती वस्तुएं ।

दोस्तो  धन को ही सबकुछ या सबसे कीमती न समझे धन तो सुख पाने का साधन है । पर धन ही सबकुछ नही है ।मगर  आज की दुनिया मे हर कोई धन के पीछे भाग रहा है ।और लोग धन को ही सबसे ऊचा स्थान देते है 'आपने अक्सर लोगो के मुह से यह सुना होगा _भैया पैसा हे तो सबकुछ है ।पर  एसा नही है मित्रो  कुछ चीजे इस संसार मे धन से भी जादा कीमती है या अनमोल है ।
समय _
समय बडा अनमोल है ।क्योकि समय का एक सेकिड भी चला जाने के बाद'हम  उसे किसी भी कीमत पर बापस नही पा सकते है ।जबकि लाखो रुपये खोने के बाद भी हम  उनहे फिर कमा सकते है ।केवल  ईसी कारण समय किमती है ।
स्वास्थ शरीर _
हमे अपने शरीर के विषय मे डॉक्टर कह दे 'की आपको कोई  बडा रोग है और जलदी उपचार नही हुआ तो आप मर सकते है ।तब हम  अपना शरीर बचाने के लिए कितना भी पेसा लगाने को तैयार हो जाते है ।और कहते है 'भैया जान है तो जहान है 'जिनदा रहेगे तो पैसा तो फिर भी कमा लेगे ।
आदमी_
हमे वास्तव मे रुपयो से अधिक कीमत लोगो की करनी चाहिए ।ब्यक्ती धन से अधिक  कीमती होता है । कुछ समय पसले दुनिया के एक सबसे अमीर  आदमी ने पत्रकार से बतचीत मे कहा था 'आदमी ही म…

सॉपिंग में स्माट बने'और पैसे बचाए। {खरीददारी}

मित्रो हमारी आय का बहुत बडा हिस्सा बस्तुओ की खरीद पर व्याय होता है ।जैसे _खादय समान 'कपडे 'बतृन' वाहन 'आदि और न जाने क्या -क्या ।आज हमारी हर छोटी बडी जरूरत का सामान बाजार मे उपलब्ध है। जब हमे जिस वस्तू की जरूरत होती है 'हम  उस वस्तू को तुरंत बाजार से खरीद लाते है ।और  उसका उपयोग करने के बाद  अगले दिन  उस वस्तू को भूल जाते है ।क्योकि वह वस्तू दूसरे दिन हमारी नजर मे पुरानी हो जाती है ।
पर क्या आपने कभी यह  आकलन किया है ।कि हम जो वस्तुए खरीदते है ।उनका हम  पूर  उपयोग  भी कर पाते है 'या नही ।  क्या हमारे पैसे का सही स्तमाल हुआ या नही । यह जानने के लिज  आप एक लिस्ट बनाए । माह की एक तारीख से तीस तारीख तक हर रोज  आपके घर मे जो भी वस्तू  खरीद कर लाई जाए उसे आप  इस लिस्ट मे नोट करते जाए ।अब  एक महिने बाद  आप  इस लिस्ट को जँचे 'आप पाएगे कि उन वस्तुओ मे से लगभग 50% वस्तुए बेकार सावित हुई 'जिनका आप पूरा उपयोग नही कर पाए । आपका पैसा पानी मे गया । इस लिस्ट मे बेकार पाई पाई गई वस्तूओ मे अधिक वस्तुए वह होगी ' जो बच्चो के दुआरा या महिलाओ के दुआरा खरीदी गई थी । क्यो…

पूंजीपती बनने की कलाँ ।

ओशो के अनुशार _आप जानकर हेरान होगे की जिन लोगो के पास पैसा नही है 'वह तो बेचारा बिचार ही नही कर सकता । दुनिया मे जिनके पास सुबिधा है वे ही बिचार कर सकते है ।मेरी दृष्टी यह नही हे की  पूंजीपती कुछ बुरा आदमी है ।
या मजदूर कोई बहुत  अच्छा आदमी है । कि शोषित हो जाना कोई गुण है । और शोषक हो जाना कोई दुरगुण है'
यह  मे नही कहता हू ।
मेरा कुल मानना इतना है कि समाज की एक ब्यबस्था है 'इस ब्यबस्था मे एक  आदमी धन को इक्टठा कर लिया है ।
निस्चित ही वह ज्यादा कुशल है'  ज्यादा होशियार है । वह समाथ की सारी की सारी बेईमानी ओर सारी ब्यबस्था का पूरा   उपयोग कर रहा है ।
जो शोषित है जिसमे' वह कोई बहुत गुणबान है 'एसी बात नही है । उसको भी अगर  इतनी ही बुद्धी और  इतनी ही शोषण की कलॉ सब समझ मे आ जाए तो वह भी कल  इसकी जगह बेठ जाएगा ।
इसमे कोई आदमी -आदमी मे फरक नही है ।

Seetamni@gmail. com       
_____________________________________________________________-__--_____________<<-<\\\\\\\

फ्री हेल्प लाइन सेवाए इंडिया भाग [3]

मित्रो आज मे आपको पिछली पोस्टो के आलावा ढेर सारे सरकारी एवं गेर सरकारी टोल फ्री हेल्प लाइन नंवरो की जानकारी दे रहा हछ। मुझे आशा है की आप इन मुफ्त सेवाओ का दुर उपयोग नही करेगे ।बल्की जरुरत पडने पर ही आप  इन सेवाओ का उपयोग करेंग।
टेली सेवाए'' टेली सॉपिग
(1) मेटरोला मोबाईल -1800112211.
(2) गूगल एडवडृ-18004190908.
(3)टेली सॉपिंग -18001180000.
(4) डेटाविन टेवलेट -18001802180.
(5) ओलेक्स इन -18001033333.
(6) कवृन मोवाईल -18001024660.
(7) इंटेक्स मोवाईल-18601805555.
(8) इंटरनेट ईमेल-18004199977.
(9) सुखेन सोलर -18001027555.
(10) कोलगेट पॉमोलिव-1800229599°
(11)घडी वासिग पाउडर -18001202800.
☎एमरजेंसी सेवाए भारत सरकार ।
(1) एक्सीडेंट -108.
(2) एमबूलेंस -102.
(3) आग [फायर] -101.
(4) हास्पिटिल -104.
(5)पुलिस कंट्रोल रूम -100.
(6) एडस -1097.
(7)टृमा सेवा -1099.
(8)चिल्डरन डिसटृस सेवा -1098
(9)कृईम स्लीपर सेल -1090.
(10)रिलाइफ कमीशन -1070.
(11)महिला कृसिस रिस्पोंस -1091.
(12)M ,P सरकार 181.
📞 भारत सरकार  और गेर सरकारी हेल्प
  (1)पेट्रोल L P G हेल्प -18002333555.
(2)किसान कॉल सेंटर -180018…

लाखो रूपये की बचत करे'

चित्र
दोस्तो आप बिचार करे तो आप अवश्य ही यह केलकूलेशन कर सकते हे'की हमारी मेहनत की कमाई का बहुत बडा भाग हमरे परिवार पर {बीमारी के दोरान}उनके ईलाज पर खरच हो जाता है। दोस्तो अगर हम इसी पैसे की बचत करले और बिमारियो से बचने के विकल्प खोजले तो हमे 100बरस की आयू एवं लाखो रुपये की बचत का अवशर मिल सकता है।
देखिए अगर आप हर साल बिमारी के खर्च का दस हजार रूपया बचाएगे तब सो बरस में10लाख यू ही वच जाएगे।
दोस्तो मे धन कमाने से आधिक धन बचाने पर गोर करता हू। आप विश्वास नही मानेगे' मेरा अपना परिवार का खर्च बीमारी या इलाज दबाईयो आदि के नाम पर जिरो है। केसे आईए जाने_लोग धन कमाने के जुनून मे अपनी शेहत पर ध्यान नही देते और उसे ख़ देते है। और फिर बापस अपनी शेहत पाने के चक्कर मे अपना कमाया हुआ रुपया भी खो बैठते है
 [1]स्वास्थ ही पैसा है।
दोस्तो आपने अंग्रेजी की हय कहावत तो सुनी होगी 'हेल्थ इज़ दा बैल्थ' जो बिल्कुल सही है। दोस्तो यह मे आपने मन से नही लिख रहा हू। यह हमारे विचारको का मानना है। आज तक के इतिहास मैं आयूरबेद के दो ही बिख्यात रिशी हुए है। महारिशी चरक जिन्होने 'चरक सहिता 'नामक '…

मुफ्त हेल्पलाइन नंवर ।

इनवेस्टमेन्ट/फाईनेंस [१] छोटा मुत्तूअल फंड:1800222300. [2]फेंकलिन टेम्पलेंशन फंड _18004254255.[3]कटक मुत्तूअल फंड_1800222626.[4]शेरखान_1800227500.इंसूरेनस[बी मा] [1]वजाज आलिंज_1800225858.[2]H D F Cस्टेडर लाइफ _1800227272.[3]S B I लाईफ इंसूरेंस_1800229090.[4] नेसनल इंसूरेंस_18001177700.टेवल्स[1] क्रास एनड किंग_1800221235.[2] सीता टूरस_1800111911.  हेल्थ क्यर  [1] बेस्ट अॉन हेल्थ _1800118899.[2] जोनशन एनड जोनशन_1800228111.होटल रिजरवेशन [1] इंटर कंटीनेटस होटल _1800111000.[2] सरोवर प्लाजमा _1800111222.[3]ताज  होटल _1800111825.[4] होम सॉप 18 चैनल_18001031818. शिक्षा विभाग_1800116200. पंजाब नेशनल बैक _18001802222. रेंट 2 केश बेव _18005323456. अमागी एड सेवा _1800200444. डी डी फ्री डिश_1800110510. अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय _1800112001. डी डी यूपी_18001805233. सेक्स पीडित बच्चों की हेल्पलाइन_1098. Seetamni@gmail. com ______;;;:;;;;;________;;;;;___________:_________________________________;;;;;;;;______________________